भूपेंद्र रोतेला
नारायणबगड़ (चमोली)। विकासखंड नारायणबगड़ के मृत्युंजय महादेव एवं पांडव ग्राम सिमली के जखोली-सिमार में आयोजित रामलीला का समापन प्रभु श्रीराम के राजतिलक एवं भावपूर्ण भरत-मिलाप के साथ संपन्न हो गया। समापन अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ कोरस पात्रों द्वारा गौरी पुत्र गणेश वंदना तथा लोकभक्ति गीत “तुम ता रेंदा भोला बाबा बणौं-बणौं मा” की प्रस्तुति से हुआ। रामलीला समिति के अध्यक्ष देवेंद्र सिंह बुटोला की अध्यक्षता में आयोजित इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम को क्षेत्रवासियों ने सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक उत्तरदायित्व का प्रतीक बताया।
रामलीला समिति के सचिव चंद्र सिंह नेगी ने मंच संचालन करते हुए रामलीला की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि रामलीला केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आदर्शों और सामाजिक मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने आयोजन के सफल संचालन में राणा जी के मार्गदर्शन, अनुभव एवं प्रेरणादायी सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि उनके सुझावों ने आयोजन को अनुशासित, सुव्यवस्थित एवं सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
संगीत पक्ष को सशक्त बनाने में प्रेमचंद देवराड़ी ने ढोलक, रमेश देवराड़ी ने ऑर्गन, विजयपाल ने संगीत संयोजन तथा शिवम भट्ट ने पैड पर शानदार संगत दी। वहीं मंच पर कलाकारों के जीवंत अभिनय ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
समापन समारोह में ग्राम प्रधान संजू देवी, भगत बुटोला, जयपाल बुटोला, सरपंच हरेन्द्र बुटोला, पृथ्वी बुटोला, देवेंद्र बुटोला, भुवनेश सती, शेखर वरमोला, प्रमोद बुटोला, अशोक रावत, सुमित सती, सुरेशानंद सती, मोहन प्रसाद सती (समिति सदस्य) तथा समाजसेवी विक्रम परिहार सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
रामलीला के समापन पर समिति पदाधिकारियों ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी ग्रामीणों, कलाकारों एवं दर्शकों का आभार व्यक्त किया।
भरत-मिलाप और राम राज्याभिषेक ने बांधा समां

