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महाराज ने बताया आम बजट को अमृत काल का पहला लोक कल्याणकारी बजट

हरिद्वार। यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र की भारतीय जनता पार्टी सरकार द्वारा देश के नागरिकों को सामाजिक न्याय, समानता, सम्मान और समान अवसर उपलब्ध कराने वाला बजट दिया है। 39 लाख करोड़ यह आम बजट अमृत काल का पहला लोक कल्याणकारी बजट है। उक्त बात केन्द्र सरकार की बजट विशेषताओं को जन-जन तक पहुँचाने के लिए भाजपा संगठन द्वारा तय कार्यक्रम के अनुसार जनपद भाजपा कार्यालय में बुद्धवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए जिले के प्रभारी मंत्री व प्रदेश के पंचायती राज, ग्रामीण निर्माण, लोक निर्माण, पर्यटन, सिंचाई, जलागम, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने कही। ज्ञात हो श्री महाराज के जनपद का प्रभारी मंत्री बनने के पश्चात ही त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में यहां भाजपा को प्रचंड जीत मिली थी। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और जनपद के प्रभारी मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि वर्ष 2022-23 के आम बजट कल्याणकारी बजट है। आर्थिक रूप से पिछड़े तथा मध्यम वर्ग के लोगों को सशक्त और सक्षम बनाने वाले इस आम बजट के लिए उन्होने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण तथा उनकी पूरी टीम बधाई देते हुए कहा कि इस बजट में केंद्रीय करों में राज्य के अंश को बढ़ाया गया है। पिछले वर्ष केंद्रीय करो में राज्य का अंश लगभग 9000 करोड़ का था जो अब लगभग 11420 करोड का हो जाएगा। श्री महाराज ने कहा कि केंद्रीय बजट में उत्तराखंड में रेल सुविधाओं के विकास के लिए 504 करोड रुपए का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा प्रदेश में 11 प्रमुख रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जाएगा। देहरादून व हरिद्वार रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय रूप भी दिया जाएगा। “वन स्टेशन वन प्रोडक्ट योजना” से राज्य के स्थानीय उत्पादों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होने कहा कि अब नौकरी पेशा लोगों को 7 लाख सालाना आय पर कोई टैक्स नहीं देना होगा। टैक्स स्लैब की संख्या को घटाकर पांच तक सीमित कर दिया गया है। प्रदेश के लिए कृषि एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है बजट में कृषि क्षेत्र में ऋण की बढ़ोतरी उसे मोटा अनाज और स्टार्टअप को बढ़ावा मिलेगा इस बजट से स्थानीय उत्पादों को बढावा मिलेगा। वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में मडुंवे का विशेष रूप से नाम लिया है और हमारी सरकार मंडुवे के उत्पादन को बढ़ाने का लगातार प्रयास कर रही है। हमारे यहां रामदाना का भी उत्पादन किया जाता है “अन्न श्री योजना” से इन अनाजों का उत्पादन करने वाले किसानों को निश्चित रूप से फायदा होगा। बजट प्रावधान में उत्तराखंड को चार नए नर्सिंग कॉलेज मिलने की भी संभावना है। बजट में नई लैब फार्मा सेक्टर में निवेश बढ़ेगा। नर्सिंग में दक्ष युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। टियर 2 और टियर 3 शहरों के विकास के लिए राष्ट्रीय आवास बैंक से बजट मिलेगा इससे उत्तराखंड के शहरों में बुनियादी सुविधाओं का विकास हो सकेगा। बजट में 50 एयरपोर्ट की स्थापना से प्रदेश में नए एयरपोर्ट का विकास हो सकेगा। नए हेलीपैड बन सकेंगे जिससे प्रदेश को पर्यटन और रोजगार दोनों उपलब्ध होंगे। एकलव्य आवासीय विद्यालय में शिक्षक और कर्मचारियों की नियुक्ति से राज्य के एकलव्य आवासीय विद्यालय में लोगों को रोजगार मिलेगा और नई विद्यालय का निर्माण किया जा सकेगा। प्रेस वार्ता के दौरान प्रभारी मंत्री ने कहा कि अग्निवीर कॉरपस फंड का गठन किया गया है। इसमें 30% योगदान सरकार देगी और 30% योगदान अग्निवीर द्वारा दिया जाएगा ताकि सेवानिवृत्ति के समय सम्मानजनक रूप से सेवानिधि से धनराशि सेवा निवृत्ति के समय प्रदान की जा सके। कुल मिलाकर 2022-23 का बजट आजादी के 100 साल बाद की परिकल्पना का बजट है। जिससे गांव, गरीब, किसानों, आदिवासियों, दलितों, पिछड़ों, शोषित, वंचित, दिव्यांगजनों, आर्थिक रूप से पिछड़े तथा मध्यम वर्ग और महिलाओं से लेकर समाज के सभी वर्गों का ध्यान रखा गया है। श्री महाराज ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जी-20 सम्मेलन का जिक्र करते हुए कहा कि शिखर सम्मेलन की मेजबानी मिलना देश के लिए गौरव की बात है। उन्होने बताया कि जी-20 सम्मेलन के राष्ट्राध्यक्षों और शीर्ष नेताओं के इंडोनेशिया में 2022 में हुए 17वें शिखर सम्मेलन में भारत की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शामिल हुए थे। इस शिखर सम्मेलन के समापन अवसर पर इंडोनेशिया के राष्ट्रपति जोको विडोडो ने भारत को 18वें जी-20 की अध्यक्षता सौंपी थी। कैबिनेट मंत्री श्री महाराज ने बताया कि भारत में जी-20 की 215 बैठकें आयोजित की जा रही हैं। शिखर सम्मेलन में व्यापार, जलवायु परिवर्तन, सतत विकास, स्वास्थ्य, कृषि, ऊर्जा, और भ्रष्टाचार पर चितंन मनन किया जायेगा। देश के विभिन्न राज्यों सहित उत्तराखण्ड को भी यह सौभाग्य प्राप्त हुआ कि यहां भी जी-20 के कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे। प्रदेश में शिखर सम्मेलन को भव्य तरीके से सफलतापूर्वक सम्पन्न कराया जाना है जिसके लिए सरकार व शासन स्तर पर इसकी तैयारियां की जा रही हैं। प्रेस वार्ता के दौरान हरिद्वार भाजपा जिला अध्यक्ष संदीप गोयल, रुड़की भाजपा जिलाध्यक्ष शोभाराम प्रजापति, जिला महामंत्री आशु चौधरी, आशुतोष शर्मा, जिला उपाध्यक्ष लव शर्मा, निर्मल सिंह, जिला मंत्री रजनी वर्मा, नकली राम सैनी, सचिन शर्मा, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष विक्रम भुल्लर, अनुसूचित मोर्चा जिला अध्यक्ष संजय सिंह, ओबीसी मोर्चा अध्यक्ष डॉ प्रदीप कुमार, पूर्व जिलाध्यक्ष डॉक्टर जयपाल सिंह चौहान, अनिल अरोड़ा, देशपाल, सतविंदर सिंह आदि मौजूद रहे।  

चौहान बोले, अपने किये पर पछतावा नहीं बल्कि दूसरों पर तोहमत लगा रही कांग्रेस

देहरादून। भाजपा ने कहा कि यमुना नदी दून वैली को रेड जोन से ऑरेंज जोन मे करने की जानकारी को लेकर कांग्रेस ढोंग कर रही है और जब यह परिवर्तन हुआ तब उसने इस पर कोई आपत्ति नही की। पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार मे घपले और घोटाले होते रहे और जिम्मेदार आँख बन्द कर नाटक करते रहे और अब सरकार को बदनाम करने का खेल चल रहा है। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चैहान ने कहा कि आज कांग्रेस कि स्थिति यह है कि वह तथ्यों से परे बात कर रही है और अपने ही बुने जाल मे उलझ रही है। उन्होंने कहा कि जिस क्षेत्र यमुना नदी दून वैली क्षेत्र जहां एनजीटी द्वारा जीएमवीएन के दो खनन के लॉट सहित एक अन्य क्रशर पर रोक लगाई है, उस दून वैली क्षेत्र में 1 फरवरी 1989 से रेड जोन में होने कारण भारत सरकार से इंडस्ट्री एवं माइनिंग पर प्रतिबंधित था। 7 मार्च 2016 को केंद्रीय प्रदूषण बोर्ड द्वारा इसे ओरेंज जोन घोषित कर दिया गया है। साथ ही सुनिक्षित किया कि भविष्य में तय नियमों का परिपालन राज्य सरकार द्वारा कराया जाएगा। यहां गौरतलब है उस समय राज्य की कांग्रेस सरकार को इस पर कोई आपत्ति नही थी । आगे इसी आधार पर 6 जनवरी 2020 को दून वैली नोटिफिकेशन को मोडीफाई किया गया। कुछ पक्षांे ने एनजीटी को भ्रामक व अधूरी जानकारी दी, जिसके चलते दून घाटी में खनन पर तात्कालिक रोक लगी है। एनजीटी में शिकायत की गई कि क्रेसर ने अनुमति को लेकर नियमों का उलघ्घन किया है । जबकि हकीकत यह है कि राज्य सरकार के तय नॉर्म्स के अनुशार ही क्रेसर संचालित किया जा रहा था और न ही पट्टे का किसी तरह का ट्रांसफर हुआ है। लिहाजा अलग से दोबारा एनजीटी से अनुमति की जरूरत नही थी। गलत व अधूरी जानकारी देने  के चलते मिले स्टे को लेकर कांग्रेस द्वारा इस तरह का वातावरण बनाया जा रहा है जिससे सरकार की छवि खराब हो और बाहरी खनन माफियाओं को बढ़ावा मिले। इसी घाटी में यमुना नदी के दूसरी और हिमाचल में बड़े पैमाने पर खनन हो रहा है और नदी के इस तरफ हमारे क्षेत्र में लगातार राज्य के राजस्व और निर्माण कामों को नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से इस तरह की कानूनी अड़चने डाली जा रही है । ताकि निर्माण के लिए कच्चे माल की आपूर्ति राज्य के बाहर बैठे उनके हितचिंतकों के माध्यम से हो। चैहान ने कहा कि सरकार पारदर्शिता के साथ भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की दिशा मे कार्य कर रही है। परीक्षाएं समय पर होगी जिससे युवाओं के मनोबल पर बुरा असर नही पड़ेगा और दूसरी और नकल माफियाओं पर कड़ी कार्यवाही जारी रहेगी यह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले ही स्पष्ट कर चुके है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस काल मे हुए घपले घोटालों की परतें उखड़ कर निकल रही है और इससे कांग्रेसी बेचैन है। आज भर्ती के घोटालेबाज जेल जा रहे हैं तो कांग्रेस परेशान है, क्योंकि उनकी परंपरा मामलों को दबाने की रही। जबकि भाजपा के एजेंडे मे भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति रही है।

केन्द्रीय शिक्षा मंत्री से मिले धनदा

देहरादून। कैबिनेट मंत्री डॉ0 धन सिंह रावत ने  नई दिल्ली में केन्द्रीय शिक्षा एव कौशल विकास मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की। इस दौरान डॉ0 रावत ने केन्द्रीय शिक्षा मंत्री से केन्द्रीय गढ़वाल विश्वविद्यालय श्रीनगर में स्थाई कुलसचिव नियुक्त करने तथा कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर विस्तृत चर्चा की। इसके साथ ही डॉ0 रावत ने एनआईटी श्रीनगर गढ़वाल के फेज-2 के निर्माण कार्यों के लिये धनराशि स्वीकृत करने तथा एनआईटी में भी स्थाई कुलसचिव तैनाता करने की मांग की। सूबे के शिक्षा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ0 धन सिंह रावत ने सोमवार को केन्द्रीय शिक्षा एवं कौशल विकास मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान से उनके कार्यालय में मुलाकात की। डॉ0 रावत ने बताया कि उन्होंने केन्द्रीय गढ़वाल विश्वविद्यालय श्रीनगर में स्थाई कुलसचिव की तैनाती करने, लम्बे समय से विभिन्न संकायों में फैक्लटी के रिक्त पदों को भरने तथा शिक्षणेत्तर कार्मिकों की विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग रखी। मुलाकात के दौरान डॉ0 रावत ने एनआईटी श्रीनगर के द्वितीय चरण के कार्यों के लिये शीघ्र धनराशि जारी करने तथा सुमाड़ी में निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग भी केन्द्रीय मंत्री के समक्ष रखी। डॉ0 रावत ने बताया कि केन्द्रीय शिक्षा एवं कौशल विकास मंत्री ने दोनों ही संस्थानों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुये शीघ्र निराकरण का आश्वासन दिया है। अपने दिल्ली भ्रमण के दौरान शिक्षा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ0 रावत ने एनसीईआरटी नई दिल्ली के विद्या समीक्षा केन्द्र का भ्रमण कर उसके संचालन एवं मॉनिटिरिंग संबंधी जानकारियां हासिल की। उन्होंने एनसीईआरटी के अधिकारियों से शिक्षा व्यवस्था में सुधार एवं शिक्षा की गुणवत्ता में विद्या समीक्षा केन्द्र की भूमिका के बारे में भी चर्चा की। डॉ0 रावत ने कहा कि उत्तराखंड में भी केन्द्र सरकार द्वारा विद्या समीक्षा केन्द्र स्थापित करने की स्वीकृति दी गई है, जिसकी स्थापना का कार्य शुरू कर दिया गया है, इससे पूर्व विभागीय अधिकारियों की टीम द्वारा गुजरात व केरल के विद्या समीक्षा केन्द्रों का अध्ययन भी किया जा चुका है। इस दौरान प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष महेंद्र भट्ट तथा पौड़ी के पूर्व विधायक मुकेश कोली भी मौजूद रहे।

अजय भट्ट ने की केंद्रीय वन पर्यावरण एवं श्रम मंत्री से मुलाकात

देहरादून। केंद्रीय रक्षा एवं पर्यटन राज्यमंत्री अजय भट्ट ने आज केंद्रीय वन पर्यावरण एवं श्रम मंत्री भूपेंद्र यादव से मुलाकात की और गौला नदी में खनन चुगान की अनुमति की लीज 10 साल बढ़ाये जाने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री श्री भट्ट ने बताया कि उनके द्वारा केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री श्री यादव जी से मुलाकात कर गौला नदी की लीज को 28 फरवरी से अगले 10 साल तक खनन चुगान की अनुमति बढ़ाए जाने को लेकर अनुरोध किया गया। श्री भट्ट द्वारा केंद्रीय मंत्री को दिए गए पत्र के अनुसार कहा गया है कि उत्तराखंड शासन द्वारा गौला नदी में खनन चुगान के लिए पर्यावरण स्वीकृति का प्रस्ताव पर्यावरण व जलवायु परिवर्तन मंत्रालय भारत सरकार को प्रेषित कर दिया गया है। श्री भट्ट ने पत्र में यह भी लिखा है कि 28 फरवरी 2023 के बाद यदि नदी में चुगान की अवधि नहीं बढ़ती है तो लगभग साढ़े 7 हजार वाहन स्वामी एवं उनके परिवार तथा चालक और प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से एक लाख लोगों की रोजी-रोटी का संकट उत्पन्न हो जाएगा। यही नहीं हल्द्वानी, लालकुआं, किच्छा, सितारगंज क्षेत्र में रह रहे हजारों परिवारों पर आर्थिक संकट भी आएगा। इसके अलावा आसपास के बाजारों की भी अर्थव्यवस्था पर इसका प्रभाव पड़ेगा। लिहाजा जनहित के मद्देनजर रखते हुए यदि 10 वर्ष की चुगान लीज देने में विलंब होता है तो, इस खनन सत्र 31 मई 2023 तक गत वर्षों की लीज के आधार पर वैकल्पिक रूप से अनुमति के लिए कार्रवाई किया जाना आवश्यक है। श्री भट्ट ने बताया कि केंद्रीय वन पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने गौला नदी में खनन चुगान की 10 साल की लीज दिए जाने का पूर्ण आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि इससे पूर्व में भी श्री भट्ट के अनुरोध पर गौला नदी की चुगान लीज को 28 फरवरी तक के लिए बढ़ाया गया है। इस दौरान डंपर एसोसिएशन के अध्यक्ष इंदर सिंह बिष्ट और दिशा के डायरेक्टर देवेंद्र सिंह बिष्ट भी मौजूद रहे।

रवि शंकर बोले, बजट से कृषि और पर्यटन के क्षेत्र मे उतराखंड को मिलेगी मजबूती

देहरादून। भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि केंद्रीय बजट सर्वव्यापी व सर्वस्पर्शी है जो देश के गरीबों व किसानों के लिए कल्याणकारी और भारत को विकसित राष्ट्र बनाने वाला है । उन्होने विश्वास दिलाया कि श्री अन्न योजना, कृषि, पर्यटन, इन्फ्रास्टूक्चर में बजट के प्रावधान से उत्तराखंड के विकास को भी मजबूती मिलेगी। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित देशव्यापी बजट चर्चा अभियान के तहत हुई पत्रकार वार्ता में श्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि 2023-24 का बजट देशवासियों के लिए हितकारी और आर्थिक उन्नति वाला है जिसके मूल में देश के गरीब और किसानों, युवाओं के साथ मातृशक्ति उत्थान का खाका है । उन्होने कहा बजट में मुख्य रूप से तीन सार हैं। इनमें पहले दो -बजट सर्वव्यापी, सर्व स्पर्शी है, जिसके मूल में देश के किसान और गरीब का कल्याण है। तीसरा बिंदु भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प का सार है और यह सार देश ही नहीं विश्व में भारत को सम्मान के साथ देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की सरकार जब कुछ कहती है तो करके दिखाती है। आज यूक्रेन-रूस युद्ध से पूरा विश्व प्रभावित है। फिर भी भारत अपने को संभाल कर विकास की ऊंचाइयों पर तेजी से छू रहा है। अंतरराष्ट्रीय निगरानी कोष ने अपने टिप्पणी में कहा है कि भारत की विकास दर 6.8 होने वाली है। उनका यह शब्द बताता है कि भारत विश्व की चमकती अर्थव्यवस्था है। भारत की विकास दर क़रीब 7 फीसद होने वाली है। रविशंकर प्रसाद ने जानकारी दी, इस बजट के केंद्र में भारत का कृषि विकास पर विशेष फोकस रहा है। इसके लिए 20 लाख करोड़ का क्रेडिट अब तक की सबसे अधिक व्यवस्था है। टेक्नोलाजी का प्रयोग अधिक हो इसके लिए स्टार्ट-अप मूवमेंट को कृषि में लाया जाएगा । स्टार्ट-अप 2015 से प्रारंभ हुआ, आज इनकी संख्या 90 हजार पहुँच गयी है। स्टार्ट-अप में भारत विश्व की तीसरी ताकत 100 यूनिकॉर्न है यानी सात हजार करोड़। रविशंकर प्रसाद ने उम्मीद की, उत्तराखंड के प्रतिभा संपन्न नौजवान कृषि में सक्रिय होंगे और स्टार्ट-अप का लाभ उठाएंगे । उन्होंने बताया कि सहकारिकता के क्षेत्र में 63 हज़ार करोड़ की बजट में व्यवस्थता डिजिटलाइजेशन व अन्य योजनाओं के लिए की है, जिसका लाभ उत्तराखंड को भी मिलेगा । इस मौके पर उन्होने राज्य में समितियों के 100 फीसदी डिजिटलाइजेशन की तारीफ की | इसी तरह उन्होने बताया, मत्स्य पालन यानी ब्लू इकॉनोमी को 6000 करोड़, मोटा अनाज यानि श्री अन्न योजना के लिए भी बड़ा प्रावधान किया गया है। उन्होने विशेष तौर पर कहा, मोदी जी का भारत के मिलट को दुनिया भर में पहुंचाने के लक्ष्य का सबसे अधिक लाभ उत्तराखंड को मिलने जा रहा है क्यूंकी यहाँ के अधिकांश छोटे किसानों की अर्थिकी मंडवा, झुंगोरा, रामदाना जैसे अनेकों मोटे अनाज के उत्पादन पर टिका है | उन्होने कहा, इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए 10 लाख करोड़, रेलवे के लिए 2 लाख 40 हज़ार करोड़। इसमें से 5004 करोड़ अकेले उत्तराखंड के लिए मिला है जिसमें हरिद्धार, देहरादून के रेलवे को अंतराष्ट्रीय स्तर का मॉडल स्टेशन बनाना, हर्रावाला स्टेशन समेत अनेक स्टेशनों का विस्तार आदि योजनाएँ शामिल हैं | बजट में नौजवानों के लिए 30 स्किल इंडिया डिजिटल सेंटर खुलेंगे, जिससे अगले 3 सालों में 47 लाख युवाओं को वजीफा मिलेगा। देश के 150 मेडिकल कॉलेज में नर्सिंग कॉलेज खुलेंगे। इसी के तहत 3 से 4 नर्सिंग कॉलेज उत्तराखंड को भी मिलेंगे। इसी क्रम में उन्होने टैक्सेशन प्रपोजल्स की बात करते हुए कहा, पहले 5 लाख तक टैक्स नहीं लगता था अब ये सीमा बढ़ाकर 7 लाख कर दी गई है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को याद दिलाते हुए कहा कि देश के लिए अगले एक वर्ष तक 80 करोड़ लोगों को निशुल्क खाद्यान्न की व्यवस्था की गई है। देशभर में 220 करोड़ टीके मेक इन इंडिया मुहिम के तहत लगाए गए और 80 देशों को निर्यात भी किए । दुनिया भर की अनेक समस्याओं के बावजूद भारत में पूंजी निवेश आया। देश में मोबाइल निर्माण में हम दुनिया में दूसरे नंबर पर हैं । 2014 में दो मोबाईल फैक्ट्रीज से बढ़कर आज 270 मोबाइल फैक्ट्री हैं। प्रधानमंत्री के अगुवाई में लगातार देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल रही है। पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रसाद ने बताया कि देश की महिलाओं के लिए विशेष चिंता की गई है जिसके तहत अगले 2 वर्ष तक जमा राशि पर 7.5 फीसदी ब्याज देने की बजट में व्यवस्थता की गयी | उन्होने कहा सबसे अच्छी बात है, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अपील पर ज़्यादा से ज़्यादा लोगों ने टैक्स पे करना शुरू किया। 20–21 में 6 करोड़ 97 लाख लोगों और 22–23 में 7 करोड़ से ज़्यादा लोगों ने इनकम टैक्स फाइल किया है । उन्होंने उत्तराखंड को ग्रीन बोनस नहीं मिलने के सवाल पर कहा कि इस बजट में 35 हजार करोड़ की हाइड्रोजन उर्जा को विकसित करने का प्लान है। योजना नोटिफाई होने पर हिमालयी राज्यों को लाभ मिलेगा। जोशीमठ पर उन्होंने कहा कि हिमालयी नीति पर सरकार काम कर रही है। जोशीमठ चुनौती है, इसे धामी सरकार ने गंभीरता से लिया है। जोशीमठ में सरकार तेज गति से काम कर रही है। कांग्रेस सरकार की कार्यालयी नीति थी बॉर्डर पर संसाधन को विकसित नहीं करेंगे क्योंकि चीन चिढ़ता है। आज मोदी सरकार के नीति का परिणाम है कि वहां पर तेजी से संसाधनों को विकसित किया जा रहा है। इस मौके पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र भट्ट, कैबिनेट मंत्री प्रेचचंद अग्रवाल, धन सिंह रावत, प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान, प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश कोली, विधायक अनिल नौटियाल, प्रदेश सह मीडिया प्रभारी राजेन्द्र नेगी, माणिक निधि शर्मा, संजीव वर्मा, प्रदेश प्रवक्ता विनोद सुयाल, श्रीमती मधु भट्ट, श्रीमति हनी पाठक सहित अन्य पार्टी पदाधिकारी मौजूद थे मौजूद थे।  

सीएम बोले, युवा स्वयं में लीडरशीप का विकास करें

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में इस वर्ष गणतन्त्र दिवस परेड में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने एनसीसी कैडेट्स व आरडीसी दल को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कैडेट् अंजलि नेगी, कैडेट् प्रिया पाण्डेय, कैडेट् आरती सिंह (घुड़सवारी में कांस्य पदक), कैडेट् यश पाण्डेय (बैण्ड मास्टर), कैडे्ट मनोज सिंह बिष्ट (घुड़सवारी में कांस्य पदक), शिविर के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिये फलाईग कैडे्ट अविनाश, कैडेट मंयक काला, कैडेट् गिरीश जोशी, कैडेट् तन्वी, कैडे्ट अदिति कौशिक और कैडे्ट प्रियंका पनेरू को सम्मानित किया। एनसीसी कैडे्टस को गणतंत्र दिवस पर बधाई देते हुए मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि हमारे एनसीसी कैडे्टस के उत्कृष्ट प्रदर्शन के साथ ही इस वर्ष गणतंत्र दिवस के अवसर पर कर्तव्य पथ पर उत्तराखण्ड की झांकी मानसखण्ड को प्रथम स्थान मिलना प्रत्येक उत्तराखण्डवासी के लिये गर्व का विषय है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि एनसीसी जैसे गौरवशाली संगठन से जुड़ना प्रत्येक युवा के लिए गर्व का विषय है। एनसीसी संगठन से ज्यादा एक मिशन है, जिसका उद्देश्य देश की युवाशक्ति में अनुशासन, दृढ़ निश्चय और राष्ट्र के प्रति निष्ठा की भावना को मजबूत करना है। देश के किसी भी हिस्से में जब भी कभी कोई संकट या आपदा आई, एनसीसी के कैडेट्स ने हमेशा पूर्ण समर्पण भाव के साथ अपने दायित्व का निर्वहन किया है। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि यह गर्व की बात है कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह जी दोनों ही दक्ष एनसीसी कैडेट्स रहे हैं। एनसीसी वो नर्सरी है, जहां भविष्य के वीर सैनिक तैयार होते हैं, इसलिए वर्तमान में एनसीसी के विस्तार और आधुनिकीकरण पर मा0 प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के निर्देशन में केंद्र सरकार की ओर से विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मा0 प्रधानमंत्री जी की योजना है कि आने वाले समय में 1 लाख नए कैडेट्स तैयार किए जाएं, जिनमें से करीब एक तिहाई महिलाएं होंगी। सरकार की योजना सीमावर्ती इलाकों में एनसीसी के कार्यक्षेत्र को और अधिक बढ़ाने की भी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह उनके लिए अत्यंत गौरव का विषय है कि विद्यार्थी जीवन के दौरान वह भी एनसीसी का कैडे्ट रहे हैं। एनसीसी के माध्यम से जिस अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठता और राष्ट्र के प्रति समर्पण भाव को उन्होंने अंगीकार किया वह आज प्रदेश के मुख्य सेवक के रूप में कार्य करते हुए उनके सबसे अधिक काम आ रहा है। उन्होने कहा कि आज विश्व में हमारे देश की पहचान एक युवा देश के रूप में होती है, देश ही नहीं बल्कि हमारा प्रदेश भी एक युवा प्रदेश है। देश में आज युवा सोच है और देश का युवा हर क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। जिस देश के युवाओं में अनुशासन हो, दृढ़ इच्छाशक्ति हो, निष्ठा हो और लगन हो, उस देश का तेज गति से विकास कोई नहीं रोक सकता। युवाओं को स्वयं में लीडरशीप का विकास करना होगा। युवा जिस भी क्षेत्र में जाए, वहां नेतृत्व करें। प्रधानमंत्री जी “सबका साथ“ लेकर, “सबका विकास“ करते हुए, “सबका विश्वास“ हासिल कर रहे हैं, अब यह हम “सबका प्रयास“ होना चाहिए कि हम इस भावना को देश के प्रत्येक युवा तक पहुंचा सके। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि भारत को विश्व के जी-20, की अध्यक्षता मिलना अन्तर्राष्ट्रीय मंच पर देश के सामर्थ्य का परिचय देता है। कोरोना काल में जहां दुनिया की अर्थव्यवस्था अव्यवस्थित रही वही भारत की अर्थव्यवस्था विश्व की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था की रूप में उभरी। प्रधानमंत्री जी के आह्वाहन पर पूरे विश्व में योग को मान्यता मिली। अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर भारतीयों का आत्मविश्वास बढ़ा है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की धर्मपत्नी श्रीमती गीता धामी, एडीजी उत्तराखण्ड एनसीसी निदेशालय मेजर जरनल पी.एस.दहिया, कंटीजेंट कमांडर आरडीसी 2023 लेफ़्टिनेंट कर्नल दीपेन्द्र सिंह समेत एनसीसी के अधिकारी-कर्मचारी एवं कैडेट्स मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने दिए नशे के कारोबारियों के खिलाफ कठोर से कठोर कार्यवाही के निर्देश

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज जिला कारागार, सुद्धोवाला देहरादून में मिशन ड्रग्स फ्री देवभूमि का शुभारम्भ करते हुए प्रदेशवासियों विशेषकर राज्य के युवाओं का आह्वान किया है कि उत्तराखण्ड सरकार ने देवभूमि उत्तराखण्ड को 2025 तक ड्रग्स फ्री बनाने का संकल्प लिया है। इस संकल्प सिद्धि के लिए सरकार के साथ ही समाज, युवाओं, एनजीओं, सेलिब्रिटिज, सफल लोगों व विभिन्न सामाजिक-शैक्षणिक संस्थानों को आगे आना होगा और मिलकर काम करना होगा। सरकार के इस अभियान को महाअभियान बनाना है। इस जन अभियान में प्रत्येक उत्तराखण्डवासी का योगदान महत्वपूर्ण है। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कहा कि युवा किसी भी प्रकार के नशे को दृढ़ता से ना कहें तथा अन्य लोगों को भी नशे के दुष्प्रभाव के विषय में जागरूक करें।  इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जिला कारागर में नवनिर्मित बेकरी यूनिट का लोकापर्ण किया। उन्होंने जिला कारागार में वेदान्त फाउण्डेशन के सौजन्य से संचालित कम्पयूटर प्रशिक्षण केन्द्र, कारागार अंलकार प्रदर्शनी , महिला बन्दियों द्वारा हस्तनिर्मित प्रदर्शनी, कारागार में व्यवसायिक प्रशिक्षण केन्द्र का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने कैदियों से उनकी कुशलक्षेम पूछी तथा उन्हें सकारात्मक सोच अपनाने को कहा। उन्होंने कहा कि आशा है कि जेलों में निर्मित उत्पाद भविष्य में स्थानीय बाजार में भी बिक्री हेतु उपलब्ध होंगे। मुख्यमंत्री श्री धामी ने कारागार से संचालित दून जेल रेडियों के माध्यम से अपना संदेश दिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री धामी ने घोषणा की कि  कारागार विभाग के नाम को परिवर्तित करते हुये “कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवा’’ किया जाएगा एवं “बंदी गृह“ के स्थान पर ‘‘बंदी सुधार गृह‘‘ किया जाएगा। कारागार विभाग में पृथक सुधार सेवा के रूप में करैक्शनल सर्विस विंग का गठन किया जाना। बन्दी कल्याण कोष का गठन करते हुए कोष में एकमुश्त धनराशि 01 करोड़ रूपये का प्राविधान किया जाएगा। बन्दीरक्षक संवर्ग को मासिक पौष्टिक आहार भत्ता रूपये 01 हजार  अनुमन्य किया जाएगा।   बन्दी रक्षक संवर्ग को वर्दी भत्ता अनुमन्य किया जाएगा। बन्दी प्रशिक्षण एवं पुर्नवास हेतु  जिला कारागार, देहरादून में स्किल डेवल्पमेन्ट प्रोग्राम हेतु प्रशिक्षण केन्द्र की स्थापना  की जाएगी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि कारागार भी समाज का ही अंग है। कैदी कारागार को पाश्चताप् और सुधार की तपस्थली माने और सकारात्मक सोच के साथ भविष्य में समाज की मुख्यधारा से जुड़कर राष्ट्रनिर्माण मे योगदान का संकल्प लें। उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि 2025 में जब हम राज्य स्थापना की रजत जयंती मना रहे हों तो हमारा राज्य पूर्ण रूप से नशा मुक्त हो जाए। हम प्रत्येक क्षेत्र में अग्रणी राज्य होंगे। उत्तराखण्ड भी एक भारत श्रेष्ठ भारत के अभियान में अपना अमूल्य योगदान देगा। कारागारों में ड्रग्स के आदी कैदी भी आते है, जिनके रखरखावध्देखभाल कारागार प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती हैं। राज्य के सभी कारागारों में भी ड्रग्स फ्री का अभियान के बारे में जागरूकता लाई जानी चाहिए। यह सराहनीय है कि  ड्रग्स के विरूद्व इसी अभियान के तहत जिला कारागार, देहरादून  में सुभारती मेडिकल कॉलेज के सहयोग से ड्रग्स डी एडिक्शन सेन्टर की शुरूआत की जा रही है।  हमने  नशे के कारोबारियों के खिलाफ कठोर से कठोर कार्यवाही के निर्देश दिये हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार ने जेलों में निरूद्ध आजीवन कारावास के बंदियों की समयपूर्व मुक्ति की पारदर्शी स्थाई नीति बनायी है, जिससे 14 साल की सजा पूरी करने पर बन्दी रिहाई का पात्र हो जाएगा। इस नीति के अन्तर्गत इस समय 160 बन्दियों की रिहाई पर विचार किया जा रहा है। कैदी अपने परिजन की मृत्यु होने पर उसके अन्तिम संस्कार से वंचित रहते थे। सरकार द्वारा अन्य राज्यों की अपेक्षा आसान पैरोल व्यवस्था बनायी गई है। सरकार ने बन्दी के परिजन की मृत्यु पर अन्तिम संस्कार हेतु तत्काल 24 घण्टे का पैरोल तथा मृत्यु उपरान्त संस्कारों हेतु 15 दिन के पैरोल की व्यवस्था की है। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने बताया कि सरकार द्वारा बन्दियों के कौशल विकास हेतु कारपेन्ट्री, दरी बुनाई, सिलाई, गमला निर्माण, एल0ई0डी0 झालर इत्यादि अनेक व्यवसायिक प्रशिक्षण की व्यवस्था की गयी है। जेलों में बने निर्मित उत्पादों की आपूर्ति सरकारी कार्यालयों में सुनिश्चित करवाने के प्रयास किये जा रहे हैं। इस अवसर पर विधायक सहदेव सिंह पुण्डीर, महानिरीक्षक कारागार विमला गुंज्याल, विशेष सचिव गृह रिद्धिम अग्रवाल, सुभारती मेडिकल कॉलेज से डा. प्रशान्त भटनागर, डा. तपस्या राजलक्ष्मी शाह तथा जेल प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

निशंक बोले, ऐतिहासिक अमृत काल के बजट में हर वर्ग की भागीदारी 

देहरादून। पूर्व शिक्षा मंत्री भारत सरकार एवं पूर्व मुख्यमंत्री उत्तराखंड हरिद्वार सांसद डॉ निशंक ने कहा क़ि वित्तीय वर्ष 2023-24 हेतु मोदी सरकार द्वारा लाया गया यह बजट, एक दूरदर्शी बजट है, जो अमृत काल में एक नए भारत की नींव रखेगा और 130 करोड़ भारतवासियों का जीवन बेहतर और खुशहाल करेगा एवं जो भारत की अर्थव्यवस्था का स्केल बदलने वाला बजट साबित होगा। उन्होंने आगे बताया क़ि यह बजट भारत को आत्मनिर्भर बनाने के साथ ही स्वतंत्रता के 100वें वर्ष के नए भारत की नींव डालेगा। इसके लिए डॉ निशंक ने यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और माननीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण जी का अभिनंदन व्यक्त किया। यह बजट सम्पूर्ण देशवासियों की उम्मीदों को प्रतिबिंबित करता है।डॉ निशंक ने प्रसन्नता प्रकट करते हुए बताया कि वर्ष 2014 की तुलना में इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश पर 400% से ज्यादा की वृद्धि की गई है। इस बार इंफ्रास्ट्रक्चर पर 10 लाख करोड़ रुपये का अभूतपूर्व निवेश होगा। यह निवेश युवाओं के लिए रोजगार और एक बड़ी आबादी को आय के नए अवसर पैदा करेगा। डॉ निशंक ने बजट के अंतर्गत Capital expenditure में 33% की वृद्धि करते हुए उसे 10 लाख करोड़ रुपये करना और Fiscal Deficit को 5.9% रखने का लक्ष्य सरहनीय कदम बताया और कहा कि यह मोदी सरकार की सशक्त बुनियादी ढांचे और मजबूत अर्थव्यवस्था वाले नये भारत बनाने की दूरदर्शिता को दर्शाता है। डॉ निशंक ने वित्त मंत्री बधाई देते हुए कहा क़ि यह बजट सर्वांगीण विकास को बढ़ावा देने वाला, रोजगार का सृजन करने वाला, गरीब को शक्ति, किसान को मजबूती प्रदान करेगा जिसमे किसानों के लिए 2,200 करोड़ रुपये का आत्मनिर्भर स्वच्छ योजना कार्यक्रम, वैकल्पिक उर्वरकों और उर्वरकों के संतुलित उपयोग को बढ़ावा देने के लिए पीएम प्रणाम योजना का प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा मोदी सरकार हर वर्ग के कल्याण हेतु समर्पित है जिसके अंतर्गत इस बजट में श्रमिकों को सम्मान, मध्यम वर्ग के सपनों को साकार, ईमानदार आयकरदाताओं का गौरवगान, इंफ्रास्ट्रक्टर निर्माण को गति और अर्थव्यवस्था को बल देने के नरेन्द्र मोदी जी के संकल्प को साकार करने में अहम निर्णय लिए गए हैं। डॉ निशंक ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह बजट न्यू इंडिया के लक्ष्यों की प्राप्ति में देश के 130 करोड़ लोगों को नई ऊर्जा देगा। यह बजट सर्वव्यापी, सर्वस्पर्शी और सर्व-समावेशी है । यह बजट सुशासन, गरीबी उन्मूलन, सामाजिक-आर्थिक परिवर्तन और रोजगार सृजन का नया अध्याय लिखने में महत्वपूर्ण योगदान देगा। डॉ निशंक ने बताया कि कृषि ऋण को बढ़ा कर ₹20 लाख करोड़ किया गया है। युवा उद्यमियों द्वारा कृषि-स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने के लिए एग्रीकल्चर एक्सीलेटर फंड बनाया जाएगा। डॉ निशंक कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि इस बजट में ढांचागत अवस्थापना विकास, स्वास्थ्य, रोजगार सृजन, आवास, सामाजिक कल्याण, कृषक कल्याण, उच्च शिक्षा, नवाचार एवं अनुसंधान पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया है। डोनेशन ने बताया कि महिलाओं के लिए एक विशेष बचत योजना भी इस बजट में शुरू की जा रही है। यह बजट सहकारिता को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की धुरी बनाएगा। नए प्राइमरी कॉपरेटिव्स बनाने के लिए एक महत्वकांक्षी योजना का भी ऐलान इस बजट में किया गया है।। डॉ निशंक ने यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद करते हुए कहा कि युवाओं को किताबें उपलब्ध कराने के लिए नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित करने के निर्णय का मैं हृदय से स्वागत करता हूँ। डॉ निशंक ने कहा कि कठिन वैश्विक परिस्थितियों में बजट अत्यंत सकारात्मक और आशावादों दृष्टिकोण वाला है स्वाधीनता की अमृत बेला में प्रस्तुत यह बजट समाज के हर वर्ग को आकाँक्षाओं औरकाल का पहला बजट” कहा जो “एक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए एक आधार प्रदान करता है” ”। उन्होंने कहा कि बजट वंचितों को प्राथमिकता देता है और आकांक्षी समाज, किसानों और मध्यम वर्ग के सपनों को पूरा करेगा। डॉ निशंक ने बताया कि रेलवे के लिए ₹2.4 लाख करोड़ के बजट का प्रावधान किया है जो सुदूर क्षेत्रों को रेलवे से जोड़ेगा। साथ ही देश में 50 एयरपोर्ट, हेलीपोर्टों, एडवांस्ड लैंडिंग ग्राउंड्स के पुनरुद्धार का निर्णय रीजनल एयर कनेक्टिविटी को बढ़ाएगा, जिससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। डॉ निशंक ने कहा कि सरकार ने माध्यम वर्ग की चिंता करते हुए नई व्यवस्था में आयकर छूट की सीमा 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 7 लाख रुपये कर दी गई है। वित्त मंत्री ने नई कर व्यवस्था में टैक्स स्लैब की संख्या भी कम करने का एलान किया। डॉ निशंक ने किसानों के हित की चिंता करते हुए कहा कि सहकारी क्षेत्र के लिए एक और महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है, जिसमें चीनी सहकारी समितियों द्वारा 2016-17 से पहले किसानों को किये गए भुगतान को अपने खर्च में दिखा पाने की सुविधा दी गयी है इससे करीब ₹10हजार करोड़ की राहत सहकारी चीनी मिलों को मिलेगी। मैं इस प्रस्ताव का स्वागत करता हूँ। डॉ निशंक ने इस बात का स्वागत किया क़ि भारतीय रेलवे के लिए 2.40 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जी अब तक का सबसे अधिक है। डॉ निशंक ने बजट की तारीफ करते हुए कहा कि 31 मार्च 2024 तक बनने वाली मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र की सहकारी समितियों को सिर्फ 15% टैक्स के दायरे में रखने पर मोदी जी का आभार। नकद निकासी पर TDS की अधिकतम सीमा ₹3 करोड़ करने, PACS व PCARDBs द्वारा नकद जमा व ऋण के लिए प्रति सदस्य ₹2 लाख की सीमा प्रदान करने का निर्णय सरहनीय है। डॉ निशंक ने विश्वास प्रकट किया क़ि यह बजट भारत आर्थिक महाशक्ति शक्ति के रूप में स्थापित करने में मील का पठार साबित होगा। चुनौतियों को नए अवसरों में परिवर्तित करने वाला बजट महामारी, वैश्विक मंदी, युद्ध और तमाम आर्थिक उथल-पुथल के बीच भी भारत की तेज आर्थिक विकास डर को सुनिश्चहित करेगा। डॉ निशंक ने भारत के समग्र विकास की परिकल्पना को विकासोन्मुखी ऐतिहासिक बजट से धरातल पर उतारने के लिए यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी और माननीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण जी एवं उनकी पूरी टीम का अभिनंदन किया।

मंत्री ने दिये “नंदा गौरा देवी कन्या धन योजना” आवेदन की तिथि बढ़ाने के निर्देश

देहरादून। प्रदेश के पंचायती राज मंत्री सतपाल महाराज ने महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग के सचिव हरिश्चंद्र सेमवाल को “नंदा गौरा देवी कन्या धन योजना” आवेदन की तिथि को 01 माह की अवधी तक बढ़ाने के निर्देश दिए। प्रदेश के प्रदेश के पंचायती राज, पर्यटन, लोक निर्माण, सिंचाई, ग्रामीण निर्माण, जलागम, धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने मंगलवार को महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग के सचिव हरिश्चंद्र सेमवाल को “नंदा गौरा देवी कन्या धन योजना” के आवेदन की अंतिम तिथि 31 जनवरी 2023 को अतिरिक्त 01 माह की अवधी तक बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। ज्ञात हो कि फंक्शनल मर्जर को लेकर ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों के हड़ताल पर जाने के कारण “नंदा गौरा देवी कन्या धन योजना” के लिए आवेदन करने वाले आवेदकों के कई आवश्यक दस्तावेज जो पंचायत विभाग के माध्यम से बनाए जाते हैं उनके न बनने से वह आवेदन नहीं कर पा रहे थे। अब चूंकि पंचायत मंत्री श्री महाराज के दखल के बाद ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली है इसलिए कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने “नंदा गौरा देवी कन्या धन योजना” के आवेदन की अंतिम तिथि जो कि 31 जनवरी 2023 थी उसे एक माह अतिरिक्त बढाये जाने को कहा है। कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास सचिव हरिश्चंद्र सेमवाल को आवेदन की तिथि 1 माह और बढ़ाने के निर्देश देते हुए उन्होंने पंचायत कर्मियों से कहा कि हड़ताल से हुए नुकसान की भरपाई जरूरी है इसलिए वह मुस्तैदी के साथ काम करें। श्री महाराज ने कहा कि पंचायतों में काम की गति को बढ़ाया जाए ताकि सतत विकास लक्ष्यों को समय पर हासिल किया जा सके। श्री महाराज ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को ग्राम पंचायत विकास अधिकारी एवं ग्राम विकास अधिकारी के फंक्शनल मर्जर के शासनादेश को स्थगित किए जाने पर उनका आभार व्यक्त किया।  

उत्तराखण्ड की झांकी को देश मे प्रथम स्थान के लिये किया गया पुरस्कृत

देहरादून। गणतंत्र दिवस पर विभिन्न राज्यों की झांकियों में उत्तराखण्ड की “मानसखण्ड” झांकी को प्रथम स्थान के लिये पुरस्कृत किया गया है। नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय रंगशाला शिविर में केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट ने यह पुरस्कार प्रदान किया। उत्तराखण्ड सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग के महानिदेशक बंशीधर तिवारी ने राज्य की ओर से पुरस्कार प्राप्त किया। संयुक्त निदेशक के0एस.0चौहान भी इस मौक़े पर मौजूद थे। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में यह पहला अवसर है जब उत्तराखण्ड राज्य की झांकी को प्रथम पुरस्कार के लिए चुना गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि देश विदेश के लोग मानसखण्ड के साथ ही उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति से भी परिचित होंगे। मुख्यमंत्री ने झांकी को पुरस्कार के लिए चुने जाने पर प्रदेशवासियों, सूचना विभाग के अधिकारी व कर्मचारियों और झांकी बनाने वाले कलाकारों तथा झांकी में सम्मलित सभी कलाकारों को बधाई दी है। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन के उपरान्त मानसखण्ड पर आधारित झांकी प्रस्तावित की गई थी। श्री केदारनाथ व श्री बदरीनाथ की तर्ज पर कुमाऊ के पौराणिक मंदिरों के लिए मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर मानसखण्ड मंदिर माला मिशन योजना पर काम किया जा रहा है। जिसमें इन प्रमुख मंदिरों का विकास होना है। मुख्यमंत्री धामी के विजन के अनुसार पहले चरण में करीब 2 दर्जन से अधिक मंदिरों को इसमें शामिल किया गया है। इनमें जागेश्वर महादेव, चितई गोलज्यू मंदिर, सूर्यदेव मंदिर, नंदादेवी मंदिर कसारदेवी मंदिर, झांकर सैम मंदिर पाताल भुवनेश्वर, हाटकालिका मंदिर, मोस्टमाणु मंदिर, बेरीनाग मंदिर, मलेनाथ मंदिर, थालकेदार मंदिर, बागनाथ महादेव, बैजनाथ मंदिर, कोट भ्रामरी मंदिर, पाताल रुद्रेश्वर गुफा, गोल्ज्यू मंदिर, निकट गोरलचैड मैदान, पूर्णागिरी मंदिर, वारही देवी मंदिर देवीधुरा, रीठा मीठा साहिब, नैनादेवी मंदिर, गर्जियादेवी मंदिर, कैंचीधाम, चैती (बाल सुंदरी) मंदिर, अटरिया देवी मंदिर व नानकमत्ता साहिब प्रमुख रूप से शामिल किए गए हैं। इस वर्ष कर्तव्य पथ, नई दिल्ली गणतंत्र दिवस समारोह में उत्तराखण्ड राज्य की ओर से “मानसखण्ड” की झांकी प्रदर्शित की गई थी। 18 कलाकारों के दल ने भी झांकी में अपना प्रदर्शन किया। झांकी का थीम सांग “जय हो कुमाऊं, जय हो गढ़वाला” को पिथौरागढ़ के प्रसिद्ध जनकवि जनार्दन उप्रेती ने लिखा था तथा उसको सौरभ मैठाणी और साथियों ने सुर दिया था। इस थीम गीत के निर्माता पहाड़ी दगड़िया, देहरादून थे।