Header Banner
ताज़ा ख़बरें

एमबीबीएस, स्नातकोत्तर सीटों के सृजन में भी मिलेगा उत्तराखंड को लाभ

देहरादून। केंद्र सरकार ने नए मेडिकल कॉलेज स्थापना में अल्पसेवित एवं आकांक्षी जिला श्रेणी के तहत अल्मोड़ा, रुद्रपुर, पिथौरागढ़ और हरिद्वार को प्राथमिकता दी है। इसी क्रम में एमबीबीएस और स्नातकोत्तर सीटों के सृजन में भी उत्तराखंड को लाभ मिलने जा रहा है।

सदन के पटल पर प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट द्वारा उत्तराखंड के दूरस्थ पहाड़ी जिलों में स्थित जिला अस्पतालों को अपग्रेड कर मेडिकल कॉलेज और विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराने को लेकर जानकारी मांगी गई। जिसके ज़बाब में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय राज्य मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल ने बताया कि मौजूदा जिला या रेफरल अस्पतालों से संबद्ध नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना के लिए एक केंद्रीय प्रायोजित योजना का संचालन हो रहा है। जिसमें उन अल्पसेवित क्षेत्रों और आकांक्षी जिलों को प्राथमिकता दी जाती है, जहां कोई मौजूदा सरकारी या निजी मेडिकल कॉलेज नहीं है। केंद्र और राज्य सरकारों के बीच निधि बंटवारे की व्यवस्था पूर्वोत्तर और विशेष श्रेणी के राज्यों के लिए 90:10 और अन्य राज्यों के लिए 60:40 के अनुपात में है। इस योजना के तहत, उत्तराखंड के अल्मोड़ा, रुद्रपुर उधम सिंह नगर, पिथौरागढ़ और हरिद्वार में स्थित कुल चार मेडिकल कॉलेजों सहित सभी परिकल्पित 157 सरकारी मेडिकल कॉलेजों को मंजूरी दी जा चुकी है।

उन्होंने कहा, इसके अतिरिक्त, सरकार ने हाल ही में, 1.50 करोड़ रुपये प्रति सीट अधिकतम लागत बढ़ाकर 5000 स्नातकोत्तर सीटों और 5023 एमबीबीएस सीटों का सृजन करने हेतु मौजूदा राज्य, केंद्रीय सरकारी मेडिकल कॉलेजों, स्वतंत्र स्नातकोत्तर संस्थानों और सरकारी अस्पतालों के सुदृढीकरण और उन्नयन के लिए सीएसएस के तीसरे चरण और विस्तार को मंजूरी दी है। इन योजनाओं के कार्यान्वयन के क्रम में उत्तराखंड सहित राज्यों, संघ राज्य क्षेत्रों से कमियों के उचित विश्लेषण के साथ विस्तृत परियोजना रिपोर्ट भेजने का अनुरोध किया गया है। राज्यों, संघ राज्य क्षेत्रों सेअनुरोध किया गया है कि वे प्रस्ताव भेजते समय अल्पसेवित अर्थात विकास की मुख्यधारा से कटे ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित संस्थानों और कुछ व्यापक विशिष्टताओं को प्राथमिकता दें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!