देहरादून।
गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह से शिष्टाचार भेंट कर सीमांत क्षेत्रों के विकास से जुड़ा एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव सौंपा।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महत्वाकांक्षी “वाइब्रेंट विलेज” योजना के तहत चमोली जनपद के ज्योतिर्मठ क्षेत्र के जेलम, जुम्मा, कागा गरपक और द्रोणागिरी जैसे सीमांत गांवों को योजना में शामिल किए जाने का अनुरोध किया।
सांसद अनिल बलूनी ने बताया कि ये गांव सामरिक और सांस्कृतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण हैं, लेकिन अभी भी मूलभूत सुविधाओं और विकास की दृष्टि से पिछड़े हुए हैं। “वाइब्रेंट विलेज” योजना में शामिल होने से इन क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे, पर्यटन और आजीविका के नए अवसर विकसित होंगे।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस प्रस्ताव पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए आश्वासन दिया कि इस विषय में उचित एवं त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
इस मुलाकात को सीमांत क्षेत्रों के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को बेहतर सुविधाएं और रोजगार के अवसर मिलने की उम्मीद है।

